नैनीताल। सरोवर नगरी नैनीताल में इस बार धनतेरस और वीकेंड पर भी पर्यटकों की आमद उम्मीद के मुताबिक काफी कम रही। शहर में कम वाहनों के पहुंचने से टोल और पार्किंग कारोबारियों को मायूसी हाथ लगी। आमतौर पर वीकेंड पर नैनीताल में आठ से नौ सौ वाहन प्रवेश करते हैं, लेकिन शुक्रवार को यह संख्या घटकर मात्र 400 रह गई। वहीं शनिवार को भी करीब 400 से साढ़े चार सौ वाहन ही शहर में पहुंचे।
वाहनों की कम संख्या का असर शहर की पार्किंग पर भी देखने को मिला। आमतौर पर वीकेंड पर पार्किंग में वाहनों की संख्या बढ़ने से पार्किंग स्थल लगभग भर जाते हैं, लेकिन इस बार करीब 50 फीसदी पार्किंग ही भर पाई। शनिवार को भी पार्किंग का यही हाल रहा।
धनतेरस और वीकेंड को देखते हुए चुंगी और पार्किंग कारोबारियों को वाहनों की अच्छी आमद होने की उम्मीद थी। उन्हें उम्मीद थी कि त्योहार और छुट्टी के चलते बड़ी संख्या में पर्यटक नैनीताल पहुंचेंगे, जिससे कारोबार में तेजी आएगी। हालांकि वाहनों की कम संख्या ने उनकी उम्मीदों पर पानी फेर दिया। लगातार दो दिन कम वाहन पहुंचने से चुंगी और पार्किंग कारोबारियों को अपेक्षित कारोबार नहीं मिल सका। इससे पर्यटन कारोबार से जुड़े लोगों में भी मायूसी देखने को मिली।
डीएसए पार्किंग के ठेकेदार नवीन अग्रवाल ने बताया कि शुक्रवार और शनिवार को दोनों ही दिन पार्किंग करीब 50 फ़ीसदी खाली रही। कहा कि वीकेंड और त्योहार के चलते अच्छे कारोबार की उम्मीद थी लेकिन काम काफी हल्का रहा।
चुंगियों के ठेकेदार प्रतिनिधि बुद्धा राघव ने बताया कि शनिवार को करीब चार से साढ़े चार सौ वाहन ही शहर की तीनों चुंगियो से प्रवेश हुए हैं और कारोबार काफी फीका रहा। बताया कि शुक्रवार को भी काफी कम वाहन शहर में प्रवेश हुए थे। कहा कि उन्हें धनतेरस और वीकेंड पर अधिक वाहनों के प्रवेश और अच्छे कारोबार की उम्मीद थी लेकिन कम गाड़ियों के प्रवेश से काम काफी हल्का है जिसका असर शहर की पार्किंग पर भी देखने को मिल रहा है।